देहरादून। उत्तराखंड की विश्व प्रसिद्ध चारधाम यात्रा 2026 शुरू होने में अब 50 दिन से भी कम समय बचा है। यात्रा को सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के लिए प्रशासन और पुलिस विभाग ने तैयारियां तेज कर दी हैं। इस बार यात्रा मार्गों पर करीब 6500 पुलिसकर्मियों की तैनाती की जाएगी, ताकि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और यातायात व्यवस्था सुचारु रूप से बनी रहे।
चारधाम यात्रा के दौरान लाखों श्रद्धालु केदारनाथ धाम, बद्रीनाथ धाम, गंगोत्री धाम और यमुनोत्री धाम के दर्शन के लिए उत्तराखंड पहुंचते हैं। श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए इस बार सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया जा रहा है।
पुलिस विभाग की योजना के अनुसार चारधाम यात्रा मार्ग को 10-10 किलोमीटर के सेक्टरों में बांटा जाएगा। प्रत्येक सेक्टर में पुलिस अधिकारी और जवान तैनात रहेंगे, जो यातायात नियंत्रण, भीड़ प्रबंधन और सुरक्षा व्यवस्था की जिम्मेदारी संभालेंगे। इसके अलावा संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल भी तैनात किया जाएगा।
यात्रा के दौरान सीसीटीवी कैमरे, ड्रोन निगरानी और कंट्रोल रूम के माध्यम से पूरे मार्ग पर नजर रखी जाएगी। इसके साथ ही पुलिस और प्रशासन की टीमें लगातार गश्त करेंगी, ताकि किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।
प्रशासन द्वारा यात्रा मार्गों पर पार्किंग, यातायात डायवर्जन, मेडिकल सुविधा और हेल्प सेंटर भी स्थापित किए जा रहे हैं। इसके अलावा श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सूचना केंद्र और सहायता डेस्क भी बनाए जाएंगे।
अधिकारियों का कहना है कि चारधाम यात्रा को सुरक्षित, व्यवस्थित और सुगम बनाने के लिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ काम कर रहे हैं। श्रद्धालुओं से भी अपील की गई है कि यात्रा पर आने से पहले पंजीकरण कराएं और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें।



